राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी) नेता रोहित पवार ने हवाई दुर्घटना में अजित पवार की मौत पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि मृ्त्यु की परिस्थितियों के बारे में सभी को संदेह है और वह 10 फरवरी को इस बारे में विस्तार से बताएंगे। बारामती में जिला परिषद चुनाव में अपना वोट डालने के बाद पत्रकारों से बातचीत में विधायक ने कहा कि अजित पवार ने एनसीपी गुटों के एकजुट होने की इच्छा जताई थी और विलय की दिशा में प्रयास जारी रहेंगे। महाराष्ट्र में 12 जिला परिषदों और 125 पंचायत समितियों के लिए चुनाव शनिवार को हुए।
पुणे जिले में 28 जनवरी को बारामती हवाई अड्डे पर उतरने का प्रयास करते समय विमान दुर्घटनाग्रस्त होने से अजित पवार और चार अन्य लोगों की मौत हो गई थी। दिवंगत राकांपा प्रमुख के भतीजे रोहित पवार ने कहा, 'हर किसी के मन में (दुर्घटना के बारे में) सवाल और संदेह हैं। मैं 10 फरवरी को मुंबई में एक प्रेजेंटेशन दूंगा। दुर्घटना क्यों हुई और यह कैसे हुई होगी, ये मुद्दे 10 फरवरी को उठाए जाएंगे।' जिला परिषद चुनाव के लिए एनसीपी (एसपी) और NCP ने हाथ मिलाया है और दोनों घड़ी चुनाव चिह्न पर चुनाव लड़ रहे हैं।
रोहित पवार ने अजित दादा को कैसे किया याद
अजित पवार राकांपा के प्रमुख थे, जबकि उनके चाचा शरद पवार राकांपा (एसपी) के प्रमुख हैं। अहिल्यानगर जिले के कर्जत-जामखेड विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले रोहित पवार ने कहा कि अजित पवार हमेशा पार्टी कार्यकर्ताओं की बेहतरी की कामना करते थे और चाहते थे कि जो लोग उनकी विचारधारा साझा करते हैं वे निर्वाचित हों। उन्होंने कहा कि दिवंगत एनसीपी प्रमुख को दोनों गुटों के बीच विलय की उम्मीद थी। रोहित पवार ने कहा, 'अजित दादा की दिली इच्छा थी कि सभी एक परिवार के रूप में साथ आएं और उसी तरह आज सभी एक साथ आए हैं। दादा ने प्रयास किए थे। हम भी इसी तरह प्रयास करते रहेंगे। परिवार अभी भी एकजुट है।'
हमारी कहानियों के ईमेल अलर्ट पाने के लिए साइन-अप करें.
हम आपके इनबॉक्स का सम्मान करते हैं, इसलिए हम आपको हफ्ते में सिर्फ अपनी चुनिंदा कहानियों से जुड़ी ईमेल ही भेजेंगे